ⓘ मुक्त ज्ञानकोश. क्या आप जानते हैं? पृष्ठ 14

पाटोदी

पाटोदी राजस्थान राज्य के बाड़मेर जिले में एक गाँव और पंचायत समिति है। साथ ही साथ यह बाड़मेर की पाटोदी तहसील में एक उपतहसील भी है। 2011 की जनगणना के अनुसार यहाँ की कुल जनसंख्या 3492 थी।

बम्हनी बंजर

बम्हनी बंजर भारतीय राज्य मध्यप्रदेश के मंडला जिले में मण्डला-सिवनी मार्ग पर स्थित एक नगर है। यह जिला मुख्यालय से लगभग 20 किमी की दूरी पर है। साल 2001 के जनगणना आँकड़ों के अनुसार यहाँ की कुल जनसंख्या 19.619 थी। इसे आस पास के गाँव के साथ सम्मिलित र ...

बर्धमान

बर्धमान पश्चिम बंगाल का एक शहर है। यह भारत के पश्चिमी बंगाल राज्य में स्थित एक जिला एवं उपमंडल हैं। इसका क्षेत्रफल 2.716 वर्ग मील तथा जनसंख्या 30.82.846 है। इसके पूर्व में नदिया, दक्षिण में हुगली, पश्चिम में बाँकुड़ा और उत्तर में बीरभूम जिले स्थि ...

बुचे नंगल

बुचे नंगल के एक गांव है जो पंजाब राज्य, भारत में कलानौर के पास स्थित है। यह नाम एक लड़ाई के दौरान पड़ा। क्योंकि उस लड़ाई में गांव के सरदार का एक कान कट गया था। इस आधापर गांव का नाम बुचा नंगल पड़ गया । जो समय के साथ बदलते "बुचा नंगल" से "बुचे नंगल ...

बेलन घाटी

बेलन नदी घाटी टोंस नदी की सहायिका बेलन नदी का प्रवाह क्षेत्र है। बेलन नदी उत्तर प्रदेश राज्य के सोनभद्र जिले से निकल कर, मिर्जापुर जिले से होते हुए, इलाहाबाद जिले में टोंस नदी से मिलती है। टोंस नदी स्वयं गंगा की सहायिका है जो इलाहाबाद के पूर्व मे ...

भरतपूजा नदी

भरतपूजा नदी अथवा नीला नदी मुख्यतः केरल में बहने वाली एक नदी है। पेरियार नदी के बाद, केरल में बहने वाली नदियों में यह दूसरी सबसे लंबी नदी है जो इस राज्य में 209 किलोमीटर की दूरी तय करती है, हालाँकि इसकी कुल लंबाई लगभग 250 किलोमीटर है जिसका 41 किलो ...

भोरघाट

भोरघाट प्रायद्वीपीय भारत में स्थित पश्चिमी घाट श्रेणी के सह्याद्रि पर्वत का एक प्रमुख दर्रा है। महाराष्ट्र राज्य में कर्जत और खंडाला के बीच स्थित इस दर्रे से होकर इससे होकर मुम्बई-पूना मार्ग गुजरता है जो मुम्बई को अन्य कई दक्षिण भारतीय नगरों से ज ...

मन्दाकिनी नदी (मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश)

मंदाकिनी नदी, यमुना की एक छोटी सहायक नदी है जो मध्य प्रदेश से सतना जिले से निकल कर उत्तर प्रदेश में कर्वी में यमुना नदी में मिल जाती है। नदी की कुल लम्बाई लगभग 50 किमी है। नदी का हिन्दू धर्म में धार्मिक महत्व है और यह पवित्र माने जाने वाले स्थल च ...

मलारना डूंगर

मलारना डूंगर नामक कस्बा राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले की प्रमुख तहसील है, यह मलारना स्टेशन कस्बे से 11 किमी दुरी पर स्थित है, यह कस्बा टोंक-सवाई माधोपुर लोकसभा क्षेत्र व राजस्थान के सवाई माधोपुर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है।

मोयार नदी

मोयार नदी भारतीय राज्य तमिलनाडु में बहने वाली भवानी नदी की सहायिका है। इसका उद्गम मुकुर्चि शिखर पर है। यहाँ पर यूकलिप्टस, चाय तथा काफी के बागान अत्यधिक हैं। सागौन, कृष्णकाष्ठ और बाँस के जंगल भी यहाँ हैं। यहाँ इमारती पत्थरों की भी खदानें हैं तथा ल ...

रतनपुरा

भारत की जनगणना २०११ के अनुसार रतनपुरा की कुल जनसंख्या 4.405 थी जिसमें 2.263 पुरुष और 2.142 स्त्रियां शामिल थीं। रतनपुरा में औसत साक्षरता दर 83.00 % थी जो राज्य के औसत 67.68 % से अधिक थी; इसमें 89.71% पुरुष साक्षरता और 76.04 % महिला साक्षरता दर थी ...

रतलाम

रतलाम भारत के मध्य प्रदेश प्रान्त के मालवा क्षेत्र का एक जिला है। रतलाम शहर समुद्र सतह से १५७७ फीट कि ऊन्चाई पर स्थित है। रतलाम के पहले राजा महाराजा रतन सिंह थे। यह नगर सेव, सोना, सट्टा,मावा, साडी तथा समोसा, कचोरी,दाल बाटी के लिये प्रसिद्ध है। रत ...

रहू घाट

रहू घाट भारतीय राज्य राजस्थान के करौली जिले में चम्बल नदी पर स्थित एक प्राकृतिक झरना है। यह मंडरायल कस्बे से लगभग 8 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में, रान्चोली नामक गाँव के समीप स्थित है। आसपास के लोग यहाँ झरने के प्राकृतिक दृश्य को देखने और पिकनिक मनाने ...

राजगढ़, अलवर

२००१ की जनगणना के अनुसार राजगढ़ की कुल जसंख्या 25.006 थी।2001 के अनुसार इसमें 53% पुरुष और 47% महिलायें थी। राजगढ़ की औसत साक्षरता 65% है जो राष्ट्रीय औसत 59.5% से अधिक है।

वनतॉंग जलप्रपात

वनताँग जलप्रपात भारतीय राज्य मिज़ोरम मे स्थित एक जलप्रपात है। यह सेरछिप से तकरीबन 30 किलोमीटर और आइजोल से 137 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।

सलाल परियोजना

सलाल परियोजना भारत के जम्मू-कश्मीर राज्य में चिनाब नदी पर स्थापित एक जलविद्युत परियोजना है। इस परियोजना की अभिकल्पना 1920 में की गयी, प्रोजेक्ट की व्यवहार्यता सम्बन्धी अध्ययन 1961 में पूरा हुआ और 1970 में इसका निर्माण कार्य शुरू हुआ।

सोनपुर, बिहार

सोनपुर सारण, बिहार का एक शहर है। वर्ष 1991 में सोनपुर को अनुमंडल का दर्जा मिला। वर्ष 2002 में सोनपुर नगर पंचायत गठित हुआ। सोनपुर में डाकबंगला मैदान है। सोनपुर अनुमंडल के अधीन पाँच प्रखंडों- दिघवारा, सोनपुर, परसा, मकेऔर दरियापुर- के हजारों गाँवों ...

हटा

हटा भारतीय राज्य मध्य प्रदेश के दमोह ज़िले में एक नगर पालिका है। यह हटा तहसील का मुख्यालय भी है, जो दमोह ज़िले की सबसे बड़ी तहसील है। हम आप के इतिहास के पहलू के साथ आपको बता दें कि यह हटा तहसील गोंडवाना साम्राज्य के 52 गढ़ों में शामिल थी जो महारा ...

हीराकुद बाँध

हीराकुद बाँध ओडीसा में महानदी पर निर्मित एक बाँध है। यह सम्बलपुर से 15 किमी दूर है। इस बाँध के पीछे विशाल जलाशय है। यह परियोजना भारत में शुरू की गयी कुछ आरम्भिक परियोजनाओं में से एक है। 1957 में महानदी पर निर्मित यह बाँध संसार के सबसे लंबे बांधों ...

हुन्डरु जलप्रपात

हुन्डरु जलप्रपात राँची से लगभग 28 किलोमीटर दूर सुवर्णरेखा नदी पर स्थित है। यह प्रपात झारखण्ड राज्य का प्रसिद्ध जलप्रपात है। वर्षा ऋतु में इस झरने को देखने के लिए पर्यटकों की यहाँ भारी भीड़ उमड़ती है। यह सुन्दर झरना राँची-पुरुलिया मार्ग पर स्थित ह ...

कार्स्ट खिड़की

कार्स्ट खिड़की अथवा कार्स्ट फ़ेनस्टर कार्स्ट क्षेत्रों में निर्मित होने वाला एक स्थलरूप है। अन्तिम प्रौढावस्था मेे जब कार्स्ट का विनाश होने लगता है तो कन्दराओं का कुछ भाग नीचे धँस जाता है जिससे कार्स्ट खिड़की का निर्माण होता है।

लैकोलिथ

लैकोलिथ अन्तर्वेधी आग्नेय शैलों द्वारा निर्मित संरचना है जो मैग्मा के ऊपर उठ कर दो क्षैतिज चट्टानी संस्तरों के बीच गुंबदाकार आकृति में जमा होने से निर्मित होती है। पृथ्वी के भीतरी हिस्से से ऊपर उठता मैग्मा जब दो चट्टानी संस्तरों परतों के बीच क्षै ...

सागरतह

सागरतह या सागर फ़र्श किसी सागर या महासागर के नीचे के फ़र्श को कहते हैं। यह तरह-तरह के क्षेत्रों व स्थलाकृतियों में विभाजित है, जिसमें महाद्वीपीय ताक, अतल मैदान और मध्य-महासागर पर्वतमालाएँ शामिल हैं।

अमेरिका की खोज

गैर-जन्मज लोगों द्वारा उत्तरी अमेरिका की खोज उत्तरी अमेरिका के महाद्वीप का मानचित्रण और पता लगाने का एक सतत प्रयास था, जो सदियों तक चला। उत्तरी अमेरिका के महाद्वीप को मानचित्रित करने के लिए विभिन्न विदेशी देशों के कई लोगों और अभियानों के प्रयास श ...

अमेरिगो वेस्पूची

अमेरिगो वेस्पुक्की इटली के नाविक तथा सौदागर थे। इनके पैतृक नाम अमेरिगो पर अमरीका महादेश का वर्तमान नाम पड़ा, क्योंकि सर्वप्रथम इन्होंने इसे नई दुनिया के रूप में पहचाना।

खोज का युग

खोज युग अथवा खोजयात्राओं का युग वह समय था जब १५वीं शती -१७वीं शती के प्रारंभ तक यूरोपीय देशों ने व्यापार की खोज में समुद्र के रास्ते दुनिया के अनेक नए हिस्सों की खोज की। इस व्यावसायिक खोज का प्रमुख लक्ष्य सोना, चाँदी और मसालों की प्राप्ति था। धर् ...

फ़र्दिनान्द मैगलन

फ़र्दिनान्द मैगलन पुर्तगाल का प्रसिद्ध अन्वेषक था। उसने मसाला द्वीप के लिए पश्चिम से होकर मार्ग खोजने में स्पेन के राजा चार्ल्स प्रथम की सहायता की। पृथ्वी की खोज का श्रेय मैगलेन को ही दिया जाता है । उसने अपने साथियों के साथ पृथ्वी का चक्कर लगाने ...

फ़्रांसिस ड्रेक

सर फ्रांसिस ड्रेक, वाइस एडमिरल 1540 - 27 जनवरी 1596 महारानी एलिजाबेथ के समय के एक जहाज कप्तान, समुद्री लुटेरा, खोजी और राजनीतिज्ञ थे। महारानी एलिजाबेथ प्रथम ने 1581 में उन्हें नाइटहुड प्रदान किया था। स्पेनिश अरमाडा के खिलाफ अंग्रेज जहाज बेडे के द ...

बारटोलोमीयु डियास

बारटोलोमीयु डियास जिसे बाथोलोमीयु डियास के नाम से भी जाना जाता है, एक पुर्तगाली अन्वेषक था और सर्वप्रथम यूरोपीय था जिसने केप ऑफ़ गुड होप से होते हुए समुद्र मार्ग से पूर्व की ओर यात्रा की। सन् १४८७ में, पुर्तगाल के महाराज किंग जॉन द्वितीय ने डियास ...

वास्को द गामा

खोजकर्ताओं में से एक और यूरोप से भारत सीधी यात्रा करने वाले जहाज़ों का कमांडर था, जो केप ऑफ गुड होप, अफ्रीका के दक्षिणी कोने से होते हुए भारत पहुँचा। वह जहाज़ द्वारा तीन बार भारत आया। उसकी जन्म की सही तिथि तो अज्ञात है लेकिन यह माना जाता है कि वह ...

उष्णकटिबंधीय वर्षा-वन

उष्णकटिबंधीय वर्षा-वन एक ऐसा क्षेत्र होता है जो भूमध्य रेखा के दक्षिण या उत्तर में लगभग 28 डिग्री के भीतर होता है। वे एशिया, ऑस्ट्रेलिया, अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका, मध्य अमेरिका, मेक्सिको और प्रशांत द्वीपों पर पाए जाते हैं। विश्व वन्यजीव निधि के बा ...

खाद्य शृंखला

खाद्य शृंखला में पारिस्थितिकी तंत्र के विभिन्न जीवों की परस्पर भोज्य निर्भरता को प्रदर्शित करते हैं। किसी भी पारिस्थितिकी तंत्र में कोई भी जीव भोजन के लिए सदैव किसी दूसरे जीव पर निर्भर होता है। भोजन के लिए सभी जीव वनस्पतियों पर प्रत्यक्ष या अप्रत ...

चरमपसंदी

चरमपसंदी ऐसे जीव को कहा जाता है, जो ऐसे चरम वातावरण में फलता-फूलता हो जहाँ पृथ्वी पर रहने वाले साधारण जीव बहुत कठिनाई से जीवित रह पाते हो या बिलकुल ही रह न सके। ऐसे चरम वातावरणों में ज्वालामुखी चश्मों का खौलता-उबलता हुऐ पानी, तेज़ाब से भरपूर वाता ...

पर्यावास

पर्यावास या प्राकृतिक वास किसी प्रजाति विशेष के पौधों या जीवों या अन्य जीवधारियों के रहने का एक पारिस्थितिक या पर्यावरणीय क्षेत्र है। यह वो प्राकृतिक वातावरण है जिसमे कोई जीवधारी रहता है, या यह वो भौतिक वातावरण है जिस में चारों ओर किसी जीव प्रजात ...

पर्वतीय पारितंत्र

पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाले सभी जीवधारी अर्थात पेड़-पौधे,जीव-जंतु आदि आपस में एवं अपने आसपास के पर्वतीय वातावरण, जलवायु आदि से अंतःक्रिया कर एक जैविक इकाई का निर्माण करते हैं उसे पर्वतीय पारितंत्र कहते हैं पर्वतीय पारितंत्र, पारिस्थितिकी की ए ...

पारिस्थितिक अनुक्रम

लम्बी अवधि में समय के साथ किसी पारिस्थितिक समुदाय के प्रजातीय संरचना का क्रमशः बदल जाना पारिस्थितिक अनुक्रम कहलाता है। इस प्रक्रिया में कुछ दशक से लेकर लाखों वर्षों का समय लग सकता है। यह कार्य शुरू में उस समुदाय में अपेक्षाकृत कुछ अग्रणी पौधों और ...

पैंटानल

पैंटानल विश्व का सबसे विशालकाय आर्द्रभूमि/दलदली भूमि वाला उष्णकटिबन्धीय प्राकृतिक क्षेत्र है। यह मुख्यत: ब्राज़ील के राज्य मातो ग्रोसो दो सुल में स्थित है लेकिन इसके कुछ हिस्से अन्य राज्य मातो ग्रोसो और ब्राज़ील की सीमा पार बोलीविया और पराग्वे तक ...

पोषक तत्व

एक पोषक तत्व या पोषकतत्व वह रसायन होता है, जिसकी आवश्यकता किसी जीव के उसके जीवन और वृद्धि के साथ साथ उसके शरीर के उपापचय की क्रिया को चलाने के लिए भी पड़ती है और जिसे वो अपने वातावरण से ग्रहण करता है। पोषक तत्व वह पदार्थ हैं जो शरीर को समृद्ध करत ...

विशाल समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र

विशाल समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र) से आशय विश्व के उन समुद्री क्षेत्रों से है जिनका विस्तार समुद्र तट महाद्वीपीय मग्नतट भूमि और प्रमुख सागरीय धाराओं तक है। ये अपेक्षाकृत विशाल क्षेत्र हैं जिनका क्षेत्रफल 200.000 वर्ग किमी के आकार का या इससे भी बड़ ...

गाद

क्वार्ट्ज और फिल्ड्स्पार खनिजों से उत्पन्न कणिकामय पदार्थ को गादी कहते हैं। इसके कणों का आकार बालू से छोटा किन्तु मृत्तिका से बड़ा होता है। यह भूमि के रूप में या जल में घुले अवसाद के रूप में हो सकती है। इसके अतिरिक्त यह नदियों, तालाबों आदि के तल ...

जीवित जीव एवं जैविक पदार्थ

मृदा-मण्डल के जीवित जीवों के अन्तर्गत पौधों तथा जन्तुओं तथा उनसे प्राप्त पदार्थो को सम्मिलित किया जाता हैं। मृदा मे रहने वालें जीवों को इडैफन्स या मृदावासी कहा जाता हैं।

धरण

कृषि के सन्दर्भ में मिट्टी की सबसे उपरी पतली परत को ह्युमस कहते हैं जिसमें जैविक पदार्थों की मात्रा भरपूर होती है। तैयार कम्पोस्ट खाद या वनों से प्राप्त प्रकृतिक कम्पोस्ट को भी ह्युमस कहते हैं।

मृत्तिका

मृत्तिका एक व्यापक शब्द है। प्रायः २ माइक्रॉन से छोटे व्यास वाले कणों वाले अवसादी शैलों को मृत्तिका कहते हैं। यह मुख्यतः अलमुनियम के सिलिकेट एवं अन्य बहुसिलिकेट का मिश्रण है। मृत्तिका जिन मुख्य खनिजों से बनी होती है उन्हें मृत्तिका खनिज कहते हैं। ...

मृदा

पृथ्वी के ऊपरी सतह पर मोटे, मध्यम और बारीक कार्बनिक तथा अकार्बनिक मिश्रित कणों को मृदा मिट्टी कहते हैं। ऊपरी सतह पर से मिट्टी हटाने पर प्राय: चट्टान पाई जाती है। कभी कभी थोड़ी गहराई पर ही चट्टान मिल जाती है। मृदा विज्ञान भौतिक भूगोल की एक प्रमुख ...

मृदा वायुमण्डल

मृदा वायुमण्डल के अन्तर्गत मिट्टियों में विभिन्न गैसों एवं हवा की उपस्थिति, मृदा के अन्तर्गत वायु के संचरण तथा मृदा के विभिन्न संस्तरों या उपमण्डलों में तापमान के वितरण का अध्यन किया जाता हैं।

मृदा विज्ञान

मृदा विज्ञान में मृदा का अध्ययन एक प्राकृतिक संसाधन के रूप में किया जाता है। इसके अन्तर्गत मृदानिर्माण, मृदा का वर्गीकरण, मृदा के भौतिक, रासायनिक तथा जैविक गुणों का अध्ययन, उर्वरकता का अध्ययन आदि किया जाता है। मृदा वैज्ञानिक इस बात को लेकर चिन्ति ...

भारतीय रक्षा लेखा सेवा

भारतीय रक्षा लेखा सेवा की स्थापना वर्ष १९५४ में भारतीय रक्षा सेवाओं के खातों की जांच व रख रखाव के लिए की गयी थी। भारतीय रक्षा लेखा सेवा रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत कार्य करने वाले ग्रुप A अधिकारी हैं। भारतीय रक्षा लेखा सेवा अधिकारीयों की तैनाती रक् ...

अक्षांश के अनुसार राष्ट्रीय राजधानियों की सूची

यह आधिकारिक अक्षांश अनुसार राष्ट्रीय राजधानियों की एक सूची है, जिसमें क्षेत्रों और निर्भरताओं, संबंधित राज्यों और संस्थाओं सहित गैर-संप्रभु राज्य भी हैं जिनकी संप्रभुता विवादित है।

इंटर्नेट उपभोक्ताओं की संख्या के अनुसार देशों की सूची

नीचे 2018 तक इंटर्नेट उपभोक्ताओं की संख्या के अनुसार देशों की सूची दी गई है। इंटरनेट उपभोक्ताओं को ऐसे व्यक्तियों के रूप में परिभाषित किया जाता है जिन्होंने पिछले 12 महीनों में मोबाइल फोन और टैबलेट समेत किसी भी उपकरण से इंटरनेट का उपयोग किया किया ...

जनसंख्या अनुसार राष्ट्रीय राजधानियों की सूची

राष्ट्रीय राजधानियों की सूची में विश्व के सभी देशों और उनकी राजधानियों के नाम, महाद्वीप और जनसंख्या के साथ दिगए हैं जिन्हें क्रमबद्ध किया जा सकता है।